Google की दिलचस्प बातें। (Part 1)

Google की दिलचस्प बातें।आज हम जानकारी हासिल करेंगे Internet के बादशाह Google की history के बारे में। Internet में गूगल का इस्तेमाल उसी तरह ज़रूरी हो कर रह गया है जैसे गाडी किये पेट्रोल। लेकिन हम में से अक्सर लोग इसके बारे बहुत कम या फिर बिलकुल ही नहीं के बराबर ज्ञान रखते हैं।

जैसे जैसे Internet की दुनिया में Content बढ़ता गया, वैसे वैसे Content की Easy और Better Search का मांग बढ़ता गया। आज वक़्त है जब Internet का बहुत ज्यादा Use हो रहा है और अगत Internet से Search की Facility समाप्त कर दी जाए तो यह लाचार हो कर रह जाएगा। Search के हवाले से Google सब आगे और साब से अधीक popular है।

Learn About Google.

जब Google इस field में उतरा, तब Search Engine और Internet से संबंधित दुसरे Facilities देने में Yahoo और MSN (Micro Soft Network) Internet की दुनिया में छाए हुए थे। Google बाद में आया और दूसरों से आगे निकल गया। Search Engine के साथ साथ Users को दुसरे बहुत सारे बेहतर, अनूठी और Free Facilities देकर Google दिन बदिन चाता ही चला गया। आग Internet Use करने वालों की ज़िन्दगी में Google की भूमिका बहुत ज्यादा बढ़ चुकी है और इसके बगैर Internet अधुरा लगने लगता है।अब लोग Internet पर Search करने की प्रक्रिया को को भी “Google करना” कहने लगे हैं। जैसे अगर किसी को कहना हो के “फलां चीज़ internet पर Search कर लो” तो अब वह कहता है “फलां चीज़ Google कर लो”

और तो और Google की बेहतरीन और गुणवत्तापूर्ण Search की वजह से इस पर कई Cartoon और Jokes भी बन चुके हैं। जैसे Wife कहती है “हमारा बच्चा कहीं गुम हो गया है” तो Husband जवाब देता है चिंता न करो, अभी Google पर ढूंड लेता हूँ।

एक Survey के अनुसार Internet Users की एक बड़ी संख्या ऐसी जो Google को ही Internet समझती है। अगरचे Google ही Internet नहीं मगर यह कहना भी गलत न होगा के Google इन्टरनेट का “बादशाह” बन चूका है।

“बुरे मत बनो” Google का अनौपचारिक नारा है।

Mountain View California में स्थित Google गूगल के Headquarter को Googleplex कहा जाता है। पारंपरिक कार्यालय की तरह नहीं बलके याहाँ Staff को काफी आजादी और Facilities दिए जाते हैं। यहाँ अलग अलग प्रकार के बेहतरीन और Free खाने, Exercise के लिए Gym, Musical Instruments, video games और तरह तरह की Facilities उपलब्ध हैं।

Googleplex Office कम और खेल का मैदान ज्यादा लगता है। Stuffs के लिए ज़रूरी नहीं की वह बड़े तौर तरीके से काम करें बलके जैसे वह Comfortable Feel करें वैसे वह काम करें।

Google के Stuffs को Googlers कहा जाता है। इसके इलावा नए भारती होने वाले Stuffs को Nooglers कहा जाता है और उन्हें पहले दिन पहनने के लिए पारंपरिक Colors वाली एक ऐसी Cap दी जाती है जिसके ऊपर Helicopter के परों जैसे “पर” होते हैं। वैसे इस Type की Cap को “Beanie Propeller” कहा जाता है।

और तो और जैसा के हम सभी जानते हैं के Google ने एक अनोखा काम आरंभ कर रखे हैं और वह है “Doodles”। विभिन्न अवसरों पर Google अपने Name वाले Logo को अवसरों के हिसाब से बदल कर Doodles बनता है। जैसे 15 अगस्त को भारत के हिसाब से Doodle बनाया और उसे Google के भारत वाली Website पर लगाया।

By the way गूगल Web Search Engine के तौर पर Start हुआ और उसने अपने Starting Time में एक छोटे Search Engine का Idea Use किया और वह Idea था “search keywords की Selling” मतलब उन Words को बेचना जिन्हें Users Search Engine में लिख कर Content ढूंडते हैं।

इस Idea की Detail कुछ यूँ है के विभिन्न Websites को कसी निश्चित Words के अन्दर Google को Advertise देती हैं और जब कोई उन Words से Search करता है तो Search Result के शुरू में Google वह Advertise दिखता है। अगर आप ने गौर किया हो तो देखा होगा के आमतौर पर Search Result के शुरू में और Right Side में Related Ads होते हैं।

Starting में यही Advertise Google की आमदनी की Source थी। और अब अगरचे Google कई दुसरे Source से भी कम रहा है लेकिन आज भी यह तरीका गूगल की आमदनी का बहुत बड़ा सोत्र है।

1999 इसवी में एक वक़्त ऐसा भी आया जब Google के Founders (Larry Page और Sergey Brin) को महसूस हुआ के Google उनका बहुत ज्यादा Time ले रहा है अतः और इस से उनकी Educational Activity प्रभावित हो रही है लिहाज़ा उन्हों ने Google को बेचने का सोचा और Exit के Chairman Jorj Bill को दस लाख डॉलर के बदले Google को बेचने का प्रस्ताव रखा, मगर Bill ने यह सौदा ठुकरा दिया।

इसके कुछ ही दिनों बाद 7 जून 1999 को चाँद बड़े Investors और दो Venture Capital Financing की तरफ से Google के लिए 25 million dollars की चरणबद्ध investing का एलान किया गया।

यह investing Google की तरक्की के लिए मील का पत्थर साबित हुई। और इसके बाद उस ने ऐसी तरक्की की के पहले जो Company खुद बिक रही थी अब वह दूसरी Companies को खरीदने लगी।

जिस तरह समंदर में बड़ी मछलियाँ छोटी मछलियों को निगल जाती हैं, कुछ ऐसा ही Internet के समुन्दर में भी होता आया है। आम तौर पर बड़ी Companies अपने से छोटी Companies को खरीदने की कोशिश करती हैं और चाँद एक को खरीद भी लेती हैं Google ने भी कुछ ऐसा ही किया और अभी तक लगभग डेढ़ सौ Companies या उसकी बनाई हुई चीज़ों को अपने अन्दर Merge कर चूका है।

आज कल Search Engine के बाद Google की Popular services ज्यादा तर वही हैं जिनको किसी ज़माने में गूगल ने खरीदा था।
Google की दिलचस्प बातें। (Part 2) पढ़ने के लिए यहाँ Click करें।

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Google की यह जानकारी कैसी लगी Comment में बतलाने की कोशिश करें ताके हमारा भी हौसला बढे अछि अछि बातें आप के सामने लाने सिलसिले में।

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